देशभर में मानसून का कहर: बिहार में 50 लाख लोग बाढ़ में फंसे, यूपी में नदी में बहे घर और उत्तराखंड में लैंडस्लाइड से बढ़ी मुश्किलें

बिहार में बाढ़ से 50 लाख लोग प्रभावित हैं, जबकि यूपी में नदी के कटाव से घर बहे। उत्तराखंड में भूस्खलन और राजस्थान-एमपी में भारी बारिश का अलर्ट जारी।

देशभर में मानसून का कहर: बिहार में 50 लाख लोग बाढ़ में फंसे, यूपी में नदी में बहे घर और उत्तराखंड में लैंडस्लाइड से बढ़ी मुश्किलें

देशभर में मानसून का तांडव: बिहार में बाढ़ का संकट और उत्तराखंड में भूस्खलन से भारी तबाही

देश के विभिन्न हिस्सों में मानसून की भारी बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है। बिहार में बाढ़ का संकट गहराता जा रहा है, जहाँ राज्य के 15 जिलों की 575 पंचायतों में लगभग 50 लाख की आबादी जलमग्न है। स्थिति इतनी गंभीर है कि कटिहार में सरकारी स्कूल और कोचिंग सेंटर पूरी तरह पानी में डूब गए हैं, जिससे छात्रों को नावों के सहारे पढ़ाई करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। वहीं, उत्तर प्रदेश में भी हालात चिंताजनक बने हुए हैं; यहाँ 26 जिलों में बाढ़ का असर देखा जा रहा है और करीब 4 लाख लोग इससे प्रभावित हुए हैं। लखीमपुर में शारदा नदी के तेज कटाव ने भारी तबाही मचाई है, जहाँ पिछले 24 घंटों के भीतर नदी के बहाव में 7 मकान समा गए हैं।

पहाड़ी राज्यों में भी मौसम का मिजाज बेहद खराब बना हुआ है। उत्तराखंड के पिथौरागढ़ में आदि कैलाश मार्ग पर दोबाट के पास हुए लैंडस्लाइड के कारण सड़क संपर्क पूरी तरह टूट गया है, जिससे आवाजाही बाधित हो रही है। केदारनाथ पैदल मार्ग पर भी सुरक्षा संबंधी चुनौतियां बनी हुई हैं। रुद्रप्रयाग के चीरबासा क्षेत्र में यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन द्वारा उन्हें हेलमेट पहनाकर भेजा जा रहा है। गौरतलब है कि कुछ दिन पहले हुए भूस्खलन में कई घोड़े और खच्चर मारे गए थे, जिनके शवों के कारण यात्रियों को दुर्गंध और सांस लेने में कठिनाई जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।

मौसम विभाग ने आगामी दिनों के लिए कई राज्यों में अलर्ट जारी किया है। राजस्थान के 26 जिलों में 17 सितंबर तक बारिश का ‘यलो अलर्ट’ घोषित किया गया है, जिसमें अजमेर और पाली जैसे क्षेत्रों में मध्यम बारिश की संभावना है। मध्य प्रदेश में भी मानसून की सक्रियता बनी रहेगी; पश्चिमी मध्य प्रदेश में 17 से 19 सितंबर तक और पूर्वी हिस्सों में 18 से 21 सितंबर तक भारी बारिश का पूर्वानुमान जताया गया है। बिहार में भी 26 जिलों के लिए यलो अलर्ट के साथ आकाशीय बिजली गिरने की चेतावनी जारी की गई है, जिससे नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।