हिन्दू लड़की और मुस्लिम लड़के की नजदीकियों पर बवाल, नैनीताल में गहराया तनाव
नैनीताल में दो समुदायों के बीच तनाव उस समय बढ़ गया जब एक मामूली मारपीट की घटना ने साम्प्रदायिक रंग ले लिया। शहर निवासी राजेंद्र और सूखाताल निवासी हनी नवाब के बीच विवाद के बाद पुलिस ने हनी को पूछताछ के लिए कोतवाली बुलाया था। इसी दौरान एक 11वीं कक्षा की छात्रा, जो हनी की मित्र बताई जा रही है, उसके समर्थन में कोतवाली पहुंच गई।
छात्रा के देर शाम घर से बिना बताए निकलने और मुस्लिम युवक के पक्ष में खड़े होने पर परिजनों ने कोतवाली में पहुंचकर आपत्ति जताई। इस पर हिंदूवादी संगठनों के कार्यकर्ता भी कोतवाली पहुंच गए और युवक पर युवती को बहलाने-फुसलाने के आरोप लगाते हुए प्रदर्शन शुरू कर दिया।
माहौल बिगड़ने पर तैनात किया गया अतिरिक्त पुलिस बल
स्थिति तनावपूर्ण होती देख पुलिस ने समझदारी से काम लेते हुए भीड़ को शांत करने का प्रयास किया। लेकिन जल्द ही मुस्लिम समुदाय के कुछ लोग भी युवक के समर्थन में कोतवाली पहुंच गए, जिससे मामला फिर से गरमा गया। हालात को देखते हुए पुलिस लाइन और अग्निशमन विभाग से अतिरिक्त बल बुलाकर तैनात किया गया है।
युवती ने नहीं छोड़ा युवक का साथ, स्वजनों के साथ जाने से किया इनकार
छात्रा ने कोतवाली में स्पष्ट किया कि हनी नवाब केवल उसका मित्र है और उसने कोई गलत काम नहीं किया। वह अपने परिजनों के साथ जाने को तैयार नहीं हुई, जिसके चलते उसे फिलहाल महिला पुलिसकर्मी के कक्ष में रखा गया है। पुलिस ने बताया कि युवती को अगली सुबह उसकी मां को सौंप दिया जाएगा।
हनी नवाब के घर पर हमला, पिता के साथ मारपीट
पुलिस द्वारा हनी को घर भेज दिए जाने के बाद कुछ अज्ञात युवक उसके घर पहुंच गए। वहां हनी नहीं मिलने पर उन्होंने उसके पिता नजर खान के साथ मारपीट की और सिर फोड़ दिया। घायल को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस के पहुंचने तक हमलावर फरार हो चुके थे।
मौलवी पर धमकी देने के आरोप, कोतवाली में दी तहरीर
बजरंग दल और अन्य हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं ने मस्जिद के मौलाना पर धमकी देने का आरोप लगाया है। आरोप है कि मौलवी ने कोतवाली परिसर में मौजूद कार्यकर्ताओं को धमकाते हुए गंभीर अंजाम भुगतने की चेतावनी दी। इस संबंध में कोतवाली में तहरीर दी गई है और कार्रवाई की मांग की जा रही है।
पुलिस ने दी स्थिति नियंत्रण में होने की जानकारी
कोतवाल हेम चंद्र पंत ने बताया कि मारपीट मामले में पूछताछ के लिए युवक को बुलाया गया था, मगर कुछ लोगों ने जानबूझकर इसे साम्प्रदायिक मुद्दा बनाकर माहौल बिगाड़ने की कोशिश की। फिलहाल युवक को घर भेज दिया गया है और युवती को उसकी मां के सुपुर्द किया जाएगा। पूरे मामले की निगरानी की जा रही है और शांति बनाए रखने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए गए हैं।
